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Thursday, June 5, 2014

अजर अमर सदा बहार



हरियाली की महिमा को समझो, वन विलक्षण विधा है कुदरत की ये करिश्मा है, हरे भरे वृक्षों को पहचानो, देश के इस अमानत को खास रहने दो, यही है मानव के जीवन दाता, इनको अपना जीवन मानो, पेड़-पौधे चिराग हैं वन के, वन में बाक़ी उजास रहने दो, एक वृक्ष यदि कट जाये तो, हज़ार हाथों से एक वृक्ष की बीज लगाओ, पर्यावरण जीव जगत की रक्षा करता, हर मन में कर्तव्य जगाओ हर एक घर में पेड़ लगाओ, धूल धक्कड़ शोर शराबा, मिट्टी का संकट दूर करेंगे, हरियाली से सारे जग को समा लेंगे, हर एक को जीवन देंगे, वायु वताश शुद्ध करेंगे, जमकर बारिश खूब बरसेगी, पूर्ण हरियाली की एक वृक्ष हम नित रोपेंगे, आज सभी ये शपथ खाओ, मिलकर हम पर्यावरण की सुरक्षा करेंगे, आज समय की मांग यही है, अपने हाथों से पर्यावरण बचाओ, पेड़ लगाओ, स्वच्छ सुन्दर देश बनाओ।

सदा बहार

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